नीरव मोदी और विजय माल्या के प्रत्यार्पण पर भारत सख्त !

विदेशों में कालाधन्धा चलाने वालों और आरोपितों पर मेहरबानी! 

पुष्पेश त्रिपाठी

दक्षिण अफ्रीका प्राकर्तिक संसाधनों के मामले में दुनिया के अग्रणी देशों में है यहाँ हीरा और सोने की खदानें तो हैं ही साथ ही $2494000000000 के खनिज और अयस्क का रिज़र्व भी है।

ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल की करप्शन इंडेक्स रिपोर्ट बताती है की दक्षिण अफ्रीका भ्रष्टाचार के मामले में 73 वे स्थान पर है भारत से पाँच नंबर आगे (78 )  . दक्षिण अफ्रीका में भ्रष्टाचार में वहाँ के राजनीतिज्ञ व माफियाओं का बड़ा गठजोड़ रहा है , वहां के राष्ट्रपति जैकब जुमा को देश में भ्रष्टाचार के आरोप में इस्तीफा देना पड़ा।  जिसको कहा गया कि उन्होंने अपने पारिवारिक दोस्त की मदद से किया (जो उत्तराखंड के औली में आजकल शादी के आयोजन के लिए ख़बरों की चर्चाओं में हैं) ऐसे कई भ्रष्टाचार के आरोप इन परिवार पर हैं, खैर ये सब दक्षिण अफ्रीका की सरकार के विषय है

 आजकल उत्तराखंड में यही परिवार औली में 200 करोड़ की शादी का आयोजन करने जा रहा है।  बताया ये जा रहा है की यह सरकार के विशेष आग्रह पर हो रहा है अन्यथा यह शादी तो इटली में होने वाली थी।  औली जैसी प्राकर्तिक रूप से सवेंदनशील जगह पर इस तरह के आयोजन कई सवालों को जन्म दे रहे हैं।  देश और उत्तराखंड की जनता व NGT (नेशनल ग्रीन ट्रिब्युनल) को यह मामला तुरंत संज्ञान में लेना चाहिए कि कैसे उच्च हिमालयी इलाके में इस तरह के आयोजन को प्रदेश सरकार कैसे अनुमति दे रही है। 

  1. संवैधानिक पद बैठा एक व्यक्ति किस हैसियत से एक व्यक्तिगत शादी को नंदा देवी बायोस्फियर रिज़र्व के पास की संवेदनशील जगह पर अनुग्रह कर रहा है?

  2.  राज्य में जब तमाम जंगल धूं-धूं कर जल रहे हों, ऐसे में राज्य के सर्वोच्च पद पर बैठे व्यक्ति की प्राथमिकताएं क्या होनी चाहिए?

  3. इस तरह के आयोजन किस तरह राज्य में पर्यटन को कैसे बढ़ावा देंगे?

  4. बताया जा रहा है की तमाम जनप्रतिनधि राज्य व केंद्र के इस आयोजन में भागीदारी करेंगे, एक भ्रष्टाचार आरोपित परिवार के व्यक्तिगत कार्यक्रम में तमाम जनप्रतिनिधि किस हैसियत से हिस्सा ले रहे हैं?

  5. माल्या व नीरव मोदी को देश में आर्थिक अपराध के आरोपित हैं, इनको इंग्लैंड से भारत लाने के कोशिश की जा रही है, परन्तु क्या दूसरे देश के भ्रष्टाचार के आरोपियों को भी भारत अपने देश में आरोपी मानेगा? अगर हाँ तो राज्य सरकार से इनकी निकटता के क्या मायने हैं?

  6. शादी में प्रशासनिक अमले की नियुक्ति और उनके खर्चे किस मद से पूरे होंगे?

  7. जो प्रशासन देहरादून से पहाड़ चचकने में हाथ पाँव टेड़े करने लगता है किसके कहने पर वहां इतनी तत्परता से जुटा है?

  8. बताया जा रहा है की बॉलीवुड की तमाम हस्तियां भी इस कार्यक्रम में शामिल हो रही हैं, बॉलीवुड अपने आप को दुनियाभर में भारत का सांस्कृतिक प्रतिनिधि कहता है, ये तमाम लोग नहीं जानते क्या की प्रकर्तिक रूप से

  9. संवेदनशील और संरक्षित जगह में ऐसे आयोजन गैरकानूनी हैं!

  10. क्या सरकार उच्च हिमालयी इलाकों के घाटियों और पहाड़ों को भी नीलाम करना चाहती है, जो इस तरह के आयोजनों के माध्यम से इन इलाकों को एक विज्ञापन की तरह प्रस्तुत करना है?

सरकार की इस किस्म की किसी भी मनमानी और जनविरोधी फैसलों का उत्तराखंड की जनता पुरजोर विरोध करेगी!