देवभूमि मीडिया ब्यूरो 

देहरादून :  उत्तराखंड के  शासकीय स्तर पर कुछ अजीबोगरीब निर्णय जिन्हें आप उत्तराखंड में ही देख सकते हैं। मसल न राज्य में हवाई पट्टियों और हवाई सेवाओं के बारे में लोगों को जागरूक करना है तो पहले बीमार लोगों को इन सेवाओं के बारे में बताया जाए। यानी असहाय, वृद्ध महिला और बीमार बच्चों को निश्चित दिन पर वायुयान के जरिए हवाई पटिट्यों में लाया जाए। सचिव नागरिक उड्डयन के बयान से यह भी लगता है कि पहाड़ के लोग अब उनके बताये हुए दिनों में ही बीमार पड़ें, अन्यथा उनका  यहाँ इलाज़ होना मुश्किल है । सचिव के बयान के अनुसार उनके इलाज के साथ साथ वह जान सके कि हवाई जहाजों की सेवा किस तरह चुस्त दुरस्त है। इसके लिए हवाई सेवा देहरादून के जौलीग्रांट एअरपोर्ट से गौचर चिन्यालीसौढ नैनी सैनी पिथौरागढ हवाई पटिट्यों से हफ्ते में दो दिन संचालित की जाएगी। इसके लिए हर जगह को अलग अलग दिन नियत किया गया है। और यह सेवा महीने भर के लिए है जिसमें जिलाधिकारी की संस्तुति पर ही व्यक्तियों को विमान से नि:शुक्ल  लाया जाएगा।

पता नहीं सरकार की इस योजना से लोगों में हवाई जहाज के प्रति और उसकी व्यवस्था के प्रति कितना रुझान बढे। लेकिन कई लोगों के लिए हवाई यात्रा का अनुभव हो जाएगा। अपने आप में यह राज्य भर में एक चर्चा का बिषय भी बन जाएगा। इसका दूसरा पहलू भी मजेदार है। यात्रा करनी है तो आपको किसी खास दिन ही  बीमार होना पडेगा। जैसे बुधवार शनिवार को बीमार पडने पर ही आप चिन्यालीसौढ से जहाज से लाए जाएंगे। क्योकि यह सेवा उसी दिन के लिए होगी। अगर किसी बच्चे को सोमवार को तबियत खराब होती है तो उसे इसका लाभ नहीं मिलेगा। रुचिकर है इस योजना को समझना। एक जहाज में कितने लोग आएंगे और कितने बीमार होंगे इसके लिए भी खूब रस्साकसी  भी होगी।

आखिर जिलाधिकारी के हाथ में चाबी सौंपी गई है कि वो किसको अनुमति दे। चुनाव से पहले ऐसे प्रयोग काफी देखने को मिलेंगे। इस राज्य में जहां दूर दराज अस्पतालों के हालात खराब है। लोग चिकित्सा सेवा की कमी के चलते परेशान है। मजबूरन पलायन कर रहे हैं वहां इस तरह की रंगबिरंगी योजना शायद और मजाक ही बनाएंगी। जहां चिकिस्ता व्यवस्था को दुरस्त करना था। गांवों में डाक्टरों को भेजा जाना था वहां जम कर मनचाहे ट्रासफर कराए गए। और नेता बने कुछ लोगों की तिजोरियां भरी गई। अब यह एक नया तमाशा ही है। कौन जाने इसके पीछे वायुसेवा कंपनियों को कुछ फायदा दिलाने का अंदेशा हो। इस राज्य में कुछ भी असंभव नहीं।

सचिव नागरिक उड्डयन डॉ.आर.मीनाक्षी सुन्दरम ने एक सरकारी बयान में बताया है कि राज्य सरकार द्वारा सम्यक विचारोपरान्त क्षेत्रीय उड्डयन सुविधाओं के विकास एवं हवाई सेवाओं के व्यापक विस्तार तथा जन सामान्य में ख्याति और जागरूकता को बढ़ाने के उद्देश्य से एक माह हेतु राज्य के दूरस्थ क्षेत्रों में असहाय,बीमार,वृद्ध पुरूषों, महिलाओं एवं बच्चों को विशेष परिस्थिति में राजकीय वायुयान से निःशुल्क हवाई सेवा की सुविधा प्रदान किये जाने का निर्णय लिया गया है।

सचिव के अनुसार उक्त हेतु हवाई सेवा, राज्य में जनपद देहरादून के जौलीग्राण्ट एयरपोर्ट से गौचर-जनपद चमोली, चिन्यालीसौड़-जनपद उत्तरकाशी, एवं नैनीसैनी-जनपद पिथौरागढ¬ हवाई पट्टियों से सप्ताह में प्रति दो दिन संचालित की जायेगी। यह हवाई सेवा देहरादून के जौलीग्राण्ट एयरपोर्ट से मंगलवार एवं शुक्रवार को गौचर-जनपद चमोली, बुधवार एवं शनिवार को चिन्यालीसौड़-जनपद उत्तरकाशी और सोमवार एवं गुरूवार को नैनीसैनी-जनपद पिथौरागढ़ हवाई पट्टियों से संचालित की जायेगी। निःशुल्क हवाई सेवा का लाभ लिए जाने हेतु असहाय, बीमार,वृद्ध पुरूषों, महिलाओं एवं बच्चों का चिन्हीकरण संबंधित जिले के जिलाधिकारी द्वारा किया जायेगा।