सरकार हरेला पर्व को प्रोत्साहित कर बनाना चाहती है महाअभियान 

यूएनडीपी खोलेगा देहरादून में क्षेत्रीय कार्यालय

जलवायु परिवर्तन से लड़ने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आठ सूत्रीय कार्यक्रम महत्वपूर्ण : त्रिवेन्द्र 

देहरादून : उत्तराखंड में जलवायु पर‌िवर्तन को लेकर सरकार अब स्‍टेट एक्‍शन प्लान पर काम करने जा रही है। इसके ल‌िए तैयारी भी पूरी कर ली गई है। प्रदेश के 13 जिलों में 13 नए पर्यटन स्थल, देहरादून में संस्कृति ग्राम का विकास, नदियों को पुनर्जीवित करने जैसी योजनाओं में पर्यावरण संरक्षण और विकास के सामंजस्य पर बल दिया जा रहा है।
इसके अलावा सरकार हरेला पर्व को प्रोत्साहित कर महाअभियान बनाना चाहती है। यह बात मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने राजपुर रोड स्थित एक होटल में जलवायु परिवर्तन से संबंधित एक कार्यशाला के उद्घाटन के बाद कही। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार जलवायु परिवर्तन को लेकर बनाए गए स्टेट एक्शन प्लान पर गंभीरता से कार्य करेगी।

संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (यूएनडीपी) और उत्तराखंड सरकार के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित राज्य जलवायु परिवर्तन केंद्र व आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास के संबंध में आयोजित कार्यशाला मुख्यमंत्री ने शुभारंभ किया। उन्होंने यूएनडीपी द्वारा जलवायु परिवर्तन पर कार्यशाला का आयोजन देहरादून में करवाने का आभार व्यक्त किया।

उन्होंने कहा कि यह हर्ष का विषय है कि यूएनडीपी का सहयोग उत्तराखंड को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि आज विकास की मांग बढ़ती जा रही है। वहीं, मानव और प्रकृति का टकराव भी इसके साथ बढ़ रहा है। प्रकृति प्रेमी और प्रकृति संरक्षण से जुड़े लोगों की जलवायु परिवर्तन पर चिंता स्वाभाविक है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज जलवायु परिवर्तन वैश्विक चिंता का विषय है।

उन्होंने कहा यह  दुखद है कि अमेरिका ने इससे स्वयं को अलग कर लिया है, जबकि वैश्विक तापमान बढ़ाने में विकसित देशों का अहम योगदान है। सीएम ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जलवायु परिवर्तन से लड़ने के लिए आठ सूत्रीय कार्यक्रम का जिक्र करते हुए इसके प्रभावी क्रियान्वयन के प्रयास की बात कही।

मुख्य सचिव एस रामास्वामी ने कहा कि जलवायु परिवर्तन पर आयोजित कार्यशाला से इस क्षेत्र से जुड़े विभिन्न विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों, अधिकारियों, कार्मिकों और संस्थाओं को अपने अनुभव साझा करने का उचित मंच मिलेगा।

​जलवायु परिवर्तन व पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उत्तराखंड सरकार के प्रयासों की प्रशंसा करते हुए यूएनडीपी के कंट्री हेड जोको सिलियस ने कहा कि हमें इस विषय पर राज्य सरकार के साथ भागीदारी करके अत्यंत प्रसन्नता है। इस अवसर पर सचिव आपदा अमित सिंह नेगी, पीसीसीएफ जयराज आदि भी उपस्थित रहे।

यूएनडीपी के कंट्री डायरेक्टर याको सिलियस ने उत्तराखंड के सर्वांगीण विकास में हर संभव सहयोग करने का भरोसा दिया। कहा कि राज्यों के साथ कार्य करने के लिए आर्थिक मामले मंत्रालय भारत सरकार ने स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर तय किया है। इस सिलसिले में मुख्य सचिव की अध्यक्षता में शुक्रवार को सचिवालय में बैठक हुई। विभागीय सचिवों ने अपने-अपने विभाग में सहयोग के विभिन्न बिन्दुओं को यूएनडीपी टीम के सामने रखा। मुख्य सचिव ने बताया कि यूएनडीपी 2018 से 2022 तक उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों में कार्य करेगा।

15 दिन के अंदर राज्य सरकार की प्राथमिकताओं की सूची सौंप दी जाएगी। देहरादून में यूएनडीपी अपना क्षेत्रीय कार्यालय खोलेगा। सितंबर-अक्तूबर तक यूएनडीपी के एक्सपर्ट और आपरेशन टीम उत्तराखंड का दौरा कर विकास कार्यक्रमों को फाइनल कर लेगी। जनवरी-2018 से उत्तराखंड में यूएनडीपी के कार्य शुरू हो जाएंगें।

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