नई टिहरी। वर्ष 2006 से अधर में लटके डोबरा- चांटी पुल का निर्माण कार्य सात महीने पीछे खिसक गया है। डीएम सोनिका ने शुक्रवार को निर्माण स्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान डीएम ने कार्य की सुस्त रफ्तार देख कर अधिकारियों को तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए। पहले पुल को अगस्त 2017 में बनना था, लेकिन अब लोनिवि ने पुल का कार्य पूरा होने के लिए मार्च 2018 का समय निर्धारित किया है।

 डीएम सोनिका ने टिहरी झील पर बन रहे डोबरा- चांटी पुल का निरीक्षण किया। प्रतापनगर ब्लॉक को जिला मुख्यालय से जोडऩे के लिए डोबरा पुल बनाया जा रहा है। वर्ष 2006 में पुल का काम शुरू हुआ था, लेकिन गलत डिजायन के कारण पुल नहीं बन सका। उसके बाद वर्ष 2015 में दक्षिण कोरिया की कंपनी ने पुल का नया डिजायन बनाया और फरवरी 2016 से पुल का दोबारा काम शुरू हुआ।

लोनिवि ने पहले अगस्त 2017 में पुल बनने का समय दिया था, लेकिन अब लोनिवि का कहना है कि काम धीरे होने के कारण मार्च 2018 में पुल तैयार हो सकेगा। डीएम सोनिका ने कहा कि लोनिवि अपनी कार्यशैली तेज करे और पुल को निर्धारित समय में पूरा करे। इस दौरान लोनिवि के अधिशासी अभियंता केएस असवाल ने बताया कि पुल के टॉवर में काम बढ़ गया है जिससे पुल का काम पीछे चला गया है। तेज हवा के कारण भी दिन में दो से पांच बजे तक काम बंद रहता है।

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