मुख्यमंत्री ने दिए छात्रवृत्ति घपले में आरोपित जेडी की गुपचुप बहाली के बाद निलंबित करने के आदेश

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समाज कल्याण विभाग में मची खलबली 

देवभूमि मीडिया ब्यूरो 
देहरादून। समाज कल्याण विभाग ने गुपचुप तरीके से करोड़ों के छात्रवृत्ति घपले में आरोपित समाज कल्याण विभाग के संयुक्त निदेशक गीताराम नौटियाल की बहाली करने के आदेश जारी करने तब भारी पड़ गए जब मंत्रिमंडल की बैठक में यह जानकारी सामने आई कि समाज कल्‍याण मंत्री यशपाल आर्य तक को नौटियाल की बहाली की सूचना नहीं दी गई। और न ही गुरुवार को बात सामने आई कि शासन ने इस बारे में विभागीय मंत्री का अनुमोदन तक नहीं लिया। वहीं मामले पर गंभीर अरज्गी दिखाते हुए मुख्‍यमंत्री ने गुरुवार शाम को गीता राम नौटियाल को तत्‍काल निलंबित करने के आदेश विभागीय सचिव को दे दिए। इसके बाद से समाज कल्याण विभाग में खलबली मची हुई है।
गौरतलब हो कि समाज कल्याण विभाग के संयुक्त निदेशक गीताराम नौटियाल को दो दिन पूर्व ही मंगलवार को ही शासन ने बहाल करने के साथ ही समाज कल्याण निदेशालय में तैनाती भी दे दी थी। इस सबंध में शासन ने बहुत ही जल्दी में इनके आदेश भी जारी कर दिए गए थे। जबकि इस बहुचर्चित मामले में राज्यभर में अब तक 115 मुकदमे दर्ज हो चुके हैं, जबकि समाज कल्याण के आधा दर्जन अफसरों समेत 79 लोगों की गिरफ्तारी हुई थी। इतना ही नहीं अभी भी एसआइटी इस प्रकरण की जांच में जुटी हुई है।
उल्लेखनीय है कि समाज कल्याण विभाग में दशमोत्तर छात्रवृत्ति वितरण में हुआ यह घपला तब सामने आया था, जब कैग ने अपनी रिपोर्ट में छात्रवृत्ति वितरण पर सवाल उठाए थे। वर्ष 2012 से 2016 के दौरान छात्रवृत्ति का वितरण ऐसे संस्थानों को भी कर दिया गया, जो कहीं ही वजूद में ही नहीं थे। न सिर्फ उत्तराखंड बल्कि अन्य राज्यों के शैक्षणिक संस्थानों को भी खुले हाथों से छात्रों को बांटी जाने वाली छात्रवृत्ति दे दी गई। बाद में मामले के तूल पकड़ने पर शासन ने इसकी जांच एसआइटी को सौंप दी थी।
गुरुवार को मंत्रिमंडल की बैठक के दौरान यह जानकारी सामने आई कि समाज कल्‍याण मंत्री यशपाल आर्य तक को उनके विभागीय अधिकारियों ने संयुक्त निदेशक गीताराम नौटियाल की बहाली की सूचना नहीं दी। मामले की शिकायत जब मुख्‍यमंत्री तक पहुंची तो उन्होंने पूरे मामले पर सख्‍त नाराजगी दिखाते हुए विभागीय सचिव को तलब कर गीता राम नौटियाल को तत्‍काल निलंबित करने के आदेश दिए, इसके बाद से समाज कल्याण विभाग में खलबली मची हुई है ।